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Wisdom Words

Wisdom Words

Sri Vidya Sadhana

Sanatana Dharma has always believed that the world began from the god in the form of zero. Param Shunya was always synonymous with Nirakar Parabrahman.

Pranapath Diksha

कोई भी साधना मार्ग हो, जब आध्यात्मिक प्रगति होती है तो कुंडलिनी जागृत होती है | अप्रकट गुरु तत्व अथवा ईश्वरीय तत्व स्वयं से कुंडलिनी जागृत करता है । गुरुकृपा से जागृत होने पर यह अपने आप ही ऊपर की दिशा में यात्रा करने लगती है और साधक में आध्यात्मिक परिवर्तन करती है ।

Shiva Path Diksha

Shiavpath as transmission of the Guru’s divine energy into the seeker’s body through sahasrara chakra, so can sadhak can get self realised within small span of time.

Shaktipat Diksha

SHAKTIPAT- Direct Transmissions can be oral, written, on distance, in thought, through eye-site or sound vibration.

Unearthing Menstrual Wisdom

When your spiritual gifts open, along with everything else that happens, you become naturally more in tune with the rhythms and cycles of the universe.

Law of Karma

What you refuse to accept, will continue for you.

Secrets of Srisailam Mallikarjuna Jyotirlinga

Secret Codes of Srisailam Mallikarjuna Bhramaramba Jyotirlinga. why srisailm jyotirlinga called Mukti Pradata (Gives liberation).

Secrets of Supramental Healing

तत्त्वमसि: वह ब्रह्म तुम्हीं हो।’ सृष्टि के जन्म से पूर्व, द्वैत के अस्तित्त्व से रहित, नाम और रूप से रहित, एक मात्र सत्य-स्वरूप, अद्वितीय ‘ब्रह्म’ ही था। वही ब्रह्म आज भी विद्यमान है। उसी ब्रह्म को ‘तत्त्वमसि’ कहा गया है। वह शरीर और इन्द्रियों में रहते हुए भी, उनसे परे है..

Hum-Sa, Hasa-Om meditation meaning & Secrets

Soham meditation is also known as Hamsa, Hansa, and So Hum. Soham is a Sanskrit word, which means identifying oneself with the universe or ultimate reality.

Jyotirling Sadhana Benifits and Importance

भगवान शिव एकमात्र ऐसे देव हैं, जिनका पूजन लिंग रूप में होता है। शिवलिंग साकार एवं निराकार ईश्वर का प्रतीक मात्र है, जो परमात्मा-आत्म-लिंग का द्योतक है। शिव और शक्ति का पूर्ण स्वरूप है शिवलिंग। ‘शिव’ का अर्थ है – ‘परम कल्याणकारी’ और ‘लिंग’ का अर्थ है – ‘सृजन

We dont want Moksha 'Self-Realisation

मैं केवल अपने लिए मोक्ष नहीं चाहता। मैं इस जलते हुए संसार के लिए शान्ति चाहता हूं। मुक्त होऊॅंगा तो सबको साथ लेकर, नहीं तो यह मुक्ति मुझे चाहिये नहीं .

Why Does The Universe Exist?

Why Does The Universe Exist? विष्णु सहस्रनाम, how Lord Vishnu Gives life to this universe.